हनुमान चालीसा का महत्‍व

कवि तुलसीदास जी रचित हुनमान चालीसा को मन शांत करने और डर दूर करने वाला बताया जाता है। हिंदू धर्म में हनुमान चालीसा का बड़ा ही महत्व है। कहते हैं कि हनुमान चालीसा पढ़ने से शनि ग्रह और साढे़ साती का प्रभाव भी कम होता है। हनुमान चालीसा एक ऐसी रचना है, जो हनुमान जी चरित्र की विशेषताओं के माध्यम से व्यक्ति को उसके अंदर विद्यमान गुणों का बोध कराती है। इसके पाठ और मनन करने से बल बुद्धि जागृत होती है। हनुमान चालीसा का पाठ करने से व्यक्ति खुद अपनी शक्ति, भक्ति और कर्तव्यों का आंकलन कर सकता है। हिंदू धर्म में हनुमान चालीसा का महत्व बहुत अधिक है। आइए जानते है हनुमान चालीसा के विशेष गुणों के बारे में।

हनुमान चालीसा के गुण 

ऐसी मान्‍यता है कि हनुमान चालीसा में भगवान हनुमान के जीवन का सार छुपा है जिसे पढ़ने से जीवन में प्रेरणा मिलती है। यह सिर्फ तुलसीदास जी के विचार नहीं बल्कि उनका अटूट विश्वास है। उनके इसी विश्वास के कारण औरेंगजेब ने उन्हे बंदी बना लिया था। वहीं बैठकर उन्होने हनुमान चालीसा लिखा था। इसके प्रमुख गुण इस प्रकार हैं-

हनुमान चालीसा को डर, भय, संकट या विपत्ति आने पर पढ़ने से सारे कष्ट दूर हो जाते हैं।

अगर किसी व्यक्ति पर शनि का संकट छाया है तो उस व्यक्ति का हनुमान चालीसा पढ़ना चाहिए। इससे जीवन में शांति आती है।

अगर किसी व्यक्ति को बुरी शक्तियां परेशान करती हैं तो चालीसा पढ़ने से उनसे मुक्ति मिल जाती है।

कोई भी अपराध करने पर अगर आप ग्लानि महसूस करते हैं और क्षमा मांगना चाहते है तो चालीसा का पाठ करें।

भगवान गणेश की तरह हनुमान जी भी कष्ट हरते हैं। ऐसे में हनुमान चालीसा का पाठ करने से भी लाभ मिलता है।

हनुमान चालीसा पढ़ने से मन शांत होता है तनाव मुक्त हो जाता है।

सुरक्षित यात्रा के लिए हनुमान चालीसा का पाठ पढ़ें। इससे लाभ मिलता है और भय नहीं लगता है।

हनुमान जी बुद्धि और बल के ईश्वर हैं। उनका पाठ करने से यह दोनों ही मिलते हैं।

हनुमान चालीसा का पाठ करने से नकरात्मक भावनाएं दूर हो जाती है और मन में सकारात्मकता आती है।